कोरबा। सिद्धि विनायक हॉस्पिटल, कोरबा में एक अत्यंत जटिल एवं चुनौतीपूर्ण शल्य चिकित्सा के माध्यम से 43 वर्षीय श्री अभिमन्यु नागेश के गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त दाहिने पैर को सफलतापूर्वक बचाया गया। श्री नागेश सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसमें उनका दाहिना पैर बुरी तरह कुचल गया था तथा पैर की लगभग सभी हड्डियों में गंभीर चोट एवं फ्रैक्चर हो गया था।
रोगी की स्थिति अत्यंत गंभीर थी और पैर को बचाना एक बड़ी चुनौती थी। विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम द्वारा विस्तृत योजना बनाकर चरणबद्ध उपचार किया गया। सबसे पहले पैर की हड्डियों का पुनर्निर्माण किया गया, जिसके पश्चात् कोमल ऊतकों का पुनर्निर्माण एवं उपचार किया गया। कई जटिल प्रक्रियाओं और निरंतर देखभाल के बाद पैर को सुरक्षित रखने में सफलता प्राप्त हुई।
इस अवसर पर सिद्धि विनायक हॉस्पिटल के वरिष्ठ अस्थिरोग विशेषज्ञ डॉ. शतदल नाथ ने कहा कि इतनी गंभीर चोट के बावजूद रोगी का पैर बचा पाना पूरे चिकित्सकीय दल के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय अस्पताल के सभी समर्पित चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल कर्मचारियों एवं सहयोगी कर्मचारियों के अथक परिश्रम और टीमवर्क को दिया।
डॉ. शतदल नाथ ने कहा कि यह सफलता सिद्धि विनायक हॉस्पिटल की उन्नत चिकित्सा सुविधाओं, समर्पित सेवाओं तथा रोगी-केंद्रित उपचार पद्धति का प्रमाण है। उन्होंने अपनी माता श्रीमती सती नाथके आशीर्वाद के प्रति भी कृतज्ञता व्यक्त की और कहा कि उनके आशीर्वाद एवं ईश्वर की कृपा से यह जटिल शल्य चिकित्सा सफल हो सकी।
रोगी एवं उनके परिजनों ने सफल उपचार के लिए सिद्धि विनायक हॉस्पिटल की पूरी टीम के प्रति आभार व्यक्त किया है।

